
लखनऊ : मड़ियांव इलाके में रहने वाली एक युवती से सोशल मीडिया पर दोस्ती कर जालसाज ने नकदी और जेवर ऐंठे लिए। जालसाजों ने नौकरी दिलवाने के नाम पर झांसे में लिया। ठगी करने करने के लिए आरोपियों ने मृत व्यक्ति की आईडी का इस्तेमाल किया।
मामले का खुलासा होने पर सुलह करने का दबाव बनाने लगे। उनकी बात न मानने पर अश्लील फोटो वायरल करने की धमकी देने लगे। की एक युवक से इंस्टाग्राम पर बातचीत शुरू हुई, जिसने नौकरी दिलाने का लालच देकर उससे रुपये और सोने के जेवर ठग लिए।
आधारखेड़ा फैजुल्लागंज निवासी पीड़िता के पिता ने बताया कि उनकी बेटी की एक युवक से इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई। युवक lakshay_0606 आईडी से बात करता था। बातचीत के दौरान युवक ने नौकरी दिलाने का झांसा दिया।
इसके बाद बेटी को बहला-फुसलाकर कई बार अलग-अलग खातों में पैसे ट्रांसफर कराए। इतना ही नहीं डराकर-धमकाकर कैसरबाग से हरदोई जाने वाली बसों से सोने की तीन चेन, दो अंगूठियां, छह झुमकी, एक टॉप और दो सोने के लॉकेट भी मंगवा लिए।
घटना की जानकारी होने पर पिता ने जिन अकाउंट में पैसा दिया उनका पता लगाया। इसके बाद उन्नाव निवासी कुंडली देवी से संपर्क हुआ। उनके खाते में भी रुपए ट्रांसफर हुए थे। कुंडली देवी ने बताया कि वह लड़के को जानती है और मिलवा देगी।
इसके अलावा हरदोई के शाहाबाद रोड स्थित जुड़ा गांव निवासी राधा पासी से संपर्क किया। उसने बताया कि इंस्टाग्राम आईडी असल में संदीप पांडेय उर्फ संजीव पांडेय पुत्र मुनीम पांडेय और सोनू सरदार पुत्र अजीत सिंह चला रहे हैं। जिस ‘लक्ष्य’ नाम के युवक की आईडी है उसकी मौत हो चुकी है।
पीड़ित पिता ने बताया कि 10 फरवरी 2026 को जब वह हरदोई जानकारी लेने गए। उसी दौरान बेटी के इंस्टाग्राम पर आरोपी का मैसेज आया कि सुलह कर लीजिए, रुपए व जेवर वापस मिल जाएंगे। उनकी बात न मानने पर संजीव पांडेय और सोनू सरदार ने उनकी बेटी को अश्लील फोटो सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर डराया। जिसकी वजह से उसने घर में रखे सोने के जेवर धीरे-धीरे आरोपियों को देती रही। इंस्पेक्टर मड़ियांव शिवानंद मिश्रा ने बताया कि मुकदमा दर्ज करके साक्ष्यों की मदद से जांच की जा रही है।







